रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने हाल ही में एक न्यूज चैनल को इंटरव्यू दिया, जिसमें उनसे कई मुद्दों को लेकर सवाल पूछे गए. राजनाथ सिंह ने बेबाकी से सभी सवालों के जवाब दिए. खासकर नरेंद्र मोदी और लालकृष्ण आडवाणी को लेकर जब उनसे सवाल किया गया तो उन्होंने खुलकर जवाब दिया.
राजनाथ सिंह से सवाल किया गया कि गोवा में 2013 में हुई राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में कई नेता, जिनमें पार्लियामेंट्री बोर्ड के सदस्य भी थे वो चाहते थे कि नरेंद्र मोदी को चुनाव प्रचार समिति का अध्यक्ष न बनाया जाए, लेकिन आपने (राजनाथ सिंह) ने पार्टी अध्यक्ष होने के नाते ये फैसला लिया था, जिस पर कई लोग नाराज हो गए और उन्होंने इस्तीफा भी दे दिया, जिसमें लालकृष्ण आडवाणी भी शामिल थे.
लालकृष्ण आडवाणी को लेकर क्या बोले राजनाथ सिंह?
इस सवाल के जवाब में राजनाथ सिंह ने कहा कि उनके (लालकृष्ण आडवाणी) के प्रति मेरे मन में पहले भी सम्मान था, आज भी सम्मान है और हमेशा रहेगा. उन्होंने कहा कि उस समय मैं पार्टी अध्यक्ष था तो मुझे लगा कि 2014 में चुनाव आने वाले हैं तो अभी से चुनाव प्रचार को लेकर तैयारियां करनी पड़ेंगी, चुनाव प्रबंधन करना पड़ेगा. व्यवस्थित रूप से चीजें करनी पड़ेंगी. इन सब मुद्दों पर सोच विचार करने के बाद मुझे ये लगा कि इन सब मुद्दों पर सटीक तरीके से कोई काम कर सकता है तो वो नरेंद्र मोदी ही हैं, इसलिए मैंने उनके नाम की घोषणा कर दी.
नरेंद्र मोदी को पीएम पद का उम्मीदवार घोषित करने पर क्या कहा?
उसके 2 महीने बाद नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित करने के सवाल पर राजनाथ सिंह ने कहा कि ये मैंने नहीं किया ये पार्लियामेंट्री बोर्ड ने किया. हालांकि वो ही उस समय अध्यक्ष थे. इस पर हंसते हुए उन्होंने हां में अपनी सहमति दी.
क्या आपको उम्मीद थी कि नरेंद्र मोदी को पीएम पद का उम्मीदवार बनाने से पार्टी को 283 सीटें (बहुमत) मिल पाएंगी, इस पर जवाब देते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि जब मैं और नरेंद्र मोदी साथ-साथ चुनाव प्रचार कर रहे थे तो हम ये अनुमान लगाते रहते थे कि कितनी सीटें आ जाएंगी.
ये भी पढ़ें
तिलक, रक्षा सूत्र और गौमूत्र… नवरात्रि से पहले VHP का फरमान, गरबा कार्यक्रम में एंट्री के लिए बनाए नियम
Source link
Discover more from Reelpedia
Subscribe to get the latest posts sent to your email.